
बक्सर: चौसा में निर्माणाधीन 1320 मेगावॉट थर्मल पावर प्लांट में कार्यरत मजदूरों की अनिश्चितकालीन हड़ताल मंगलवार को दूसरे दिन भी जारी रही। मजदूरों के कार्य बहिष्कार के कारण प्लांट का निर्माण कार्य प्रभावित हो गया है।
बताया जा रहा है कि एल एंड टी (L&T), पॉवरमेक सहित अन्य कंपनियों के हजारों मजदूर अपनी 11 सूत्री मांगों को लेकर सोमवार से हड़ताल पर हैं। मजदूरों का आरोप है कि ठेकेदारों द्वारा न्यूनतम मजदूरी अधिनियम का सही तरीके से पालन नहीं किया जा रहा है तथा कई श्रम कानूनों की अनदेखी की जा रही है।
हड़ताली मजदूरों ने बताया कि उनकी प्रमुख मांगों में न्यूनतम मजदूरी अधिनियम का अनुपालन सुनिश्चित करना, अतिरिक्त कार्य अवधि का नियमानुसार भुगतान, मजदूरों को समय पर वेतन देना तथा कार्यस्थल पर मानक के अनुरूप सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराना शामिल है। इसके अलावा अतिरिक्त कार्य अवधि को मूल कार्य अवधि में जोड़कर कार्य दिवस का नियम विरुद्ध सृजन करने का आरोप भी मजदूरों ने लगाया है।
मजदूरों ने यह भी कहा कि पीएफ और ईएसआई की नियमानुसार और समयबद्ध कटौती सुनिश्चित की जाए। लंबे समय से काम कर रहे मजदूरों के गेट पास नवीनीकरण के नाम पर पुनः ज्वाइनिंग कराकर उनकी सेवा अवधि को कम करने की प्रक्रिया बंद की जाए। साथ ही सेवा समाप्ति या मजदूरों की मांग पर मिलने वाले लाभ और श्रम कानूनों के तहत मिलने वाली अन्य सुविधाएं भी बहाल की जाएं।
मजदूरों का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर प्रबंधन की ओर से लिखित आश्वासन और ठोस वार्ता नहीं होती, तब तक कार्य बहिष्कार जारी रहेगा।




