
बक्सर: जिले में वर्ष की पहली राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस दौरान विभिन्न मामलों में कुल 14 करोड़ 75 लाख 55 हजार 951 रुपये की समझौता राशि पर पक्षकारों ने सहमति जताते हुए हस्ताक्षर किए। कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रगान के साथ हुई, जिसके बाद दीप प्रज्वलित कर लोक अदालत का विधिवत उद्घाटन किया गया।
इस अवसर पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश Kajal Jhamb ने अपने संबोधन में कहा कि लोक अदालत एक ऐसा मंच है, जहां एक ही दिन में विवादों का सरल और सुलभ समाधान संभव है। यहां दोनों पक्षों की जीत होती है और आपसी सहमति से मामलों का निपटारा किया जाता है।
कार्यक्रम में जिला पदाधिकारी, पुलिस अधीक्षक Shubham Arya, जिला एवं सत्र न्यायाधीश उदय प्रताप सिंह, प्रधान न्यायाधीश मनोज कुमार, संघ के महासचिव बिंदेश्वरी प्रसाद पांडे सहित अन्य अधिकारियों ने भी जिला विधिक सेवा प्राधिकार और लोक अदालत के महत्व पर प्रकाश डाला। स्वागत भाषण एवं धन्यवाद ज्ञापन न्यायाधीश सह सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार Neha Dayal ने दिया।
नौ बेंच का किया गया गठन
राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल संचालन के लिए कुल 9 बेंच बनाए गए थे। प्रत्येक बेंच पर एक न्यायिक पदाधिकारी और एक सदस्य की नियुक्ति की गई थी। इसके अलावा पीएलबी और डिस्प्ले के माध्यम से लोगों को उनके मामलों से संबंधित बेंच की जानकारी दी जा रही थी, जिससे सुनवाई की प्रक्रिया सुचारू रूप से चल सके।
विभिन्न विभागों के मामलों का हुआ निपटारा
राष्ट्रीय लोक अदालत में विभिन्न विभागों से जुड़े मामलों का निपटारा किया गया। इसमें बैंक के 544, यातायात के 618, आपराधिक 165, विद्युत के 265, विवाह से संबंधित 13 और परिवहन विभाग के 618 मामलों का निष्पादन हुआ।
इस संबंध में Bihar Gramin Bank के मुख्य प्रबंधक जितेंद्र कुमार ने बताया कि बैंक के पोस्ट लिटिगेशन के 98 और प्री लिटिगेशन के 40 मामलों सहित कुल 138 मामलों का निपटारा किया गया, जिसमें 1 करोड़ 12 लाख 94 हजार 410 रुपये की राशि पर समझौता हुआ।
राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से बड़ी संख्या में मामलों का त्वरित समाधान होने से वादकारियों को काफी राहत मिली।




