
बक्सर: नगर के बाईपास रोड स्थित परिसर में प्रख्यात शिक्षक एवं शिक्षाविद स्व. रामनाथ ओझा की द्वितीय पुण्यतिथि मंगलवार को श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर दिव्यभारत ट्रस्ट के नेतृत्व में एक गरिमामयी सम्मान सभा सह विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. कन्हैया मिश्रा ने की, जबकि संचालन स्व. ओझा के पुत्र ई. अरुण कुमार ओझा द्वारा किया गया।
शिक्षा और शिक्षक की भूमिका पर मंथन
इस मौके पर आयोजित विचार गोष्ठी में “शिक्षा और शिक्षक” विषय पर विस्तार से चर्चा की गई। वक्ताओं ने वर्तमान शिक्षा व्यवस्था, बदलते समय में शिक्षण की चुनौतियां, शिक्षक की भूमिका और समाज निर्माण में उनके योगदान पर अपने विचार रखे।
शिक्षाविदों व बुद्धिजीवियों की रही भागीदारी
कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े शिक्षाविद, सामाजिक कार्यकर्ता और बुद्धिजीवियों ने भाग लिया। प्रमुख रूप से उपस्थित लोगों में
श्रीभगवान पाण्डेय (निराश), डॉ. श्री निवास चतुर्वेदी, डॉ. एस.एन. सिंह, प्रियंका शर्मा, अजय मिश्रा, डॉ. रासबिहारी शर्मा (अध्यक्ष, एमएनडी फाउंडेशन सह विभागाध्यक्ष, दर्शनशास्त्र विभाग, एमवी कॉलेज बक्सर), कमल नारायण सिंह, विनोद पाण्डेय तथा ईशा शक्ति वेलफेयर ऑर्गनाइजेशन से ईशा शामिल रहीं।
शिक्षाविद ओझा के योगदान को किया याद
उपस्थित वक्ताओं ने स्व. रामनाथ ओझा के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डालते हुए शिक्षा क्षेत्र में उनके अमूल्य योगदान को स्मरण किया। सभी ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके आदर्शों को अपनाने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम ने शिक्षा के महत्व और शिक्षक की भूमिका को पुनः रेखांकित करते हुए समाज में सकारात्मक संदेश देने का कार्य किया।




