Others

बक्सर में 15 दिसंबर से 31 मार्च तक लगेगा बिहार का सबसे बड़ा निःशुल्क मोतियाबिंद शिविर

अंतर्गत कृतपुरा गांव में आगामी 15 दिसंबर से 31 मार्च तक श्री रणछोड़दासजी बापु चैरिटेबल हॉस्पिटल, राजकोट के तत्वावधान में बिहार का सबसे बड़ा निःशुल्क मोतियाबिंद (नेत्र) शिविर आयोजित किया जाएगा। इस शिविर का उद्देश्य गरीब, असहाय एवं जरूरतमंद लोगों को आधुनिक तकनीक से निःशुल्क नेत्र उपचार उपलब्ध कराना है।

शनिवार को आयोजित प्रेसवार्ता में ट्रस्ट के मैनेजिंग ट्रस्टी प्रवीणभाई वसाणी ने बताया कि यह शिविर परम पूज्य श्री रणछोड़दासजी बापु श्री के दिव्य संदेश “मरीज मेरे भगवान हैं” और “मुझे भूल जाना, पर नेत्रयज्ञ को नहीं भूलना” से प्रेरित है। इसी भावना के साथ बक्सर सहित पूरे बिहार के जरूरतमंदों के लिए यह विशाल नेत्रयज्ञ आयोजित किया जा रहा है।

आधुनिक तकनीक से होगा निःशुल्क ऑपरेशन

शिविर में आधुनिक फेको मशीन से बिना टांके मोतियाबिंद का ऑपरेशन किया जाएगा। मरीजों को उच्च गुणवत्ता का सॉफ्ट फोल्डेबल लेंस पूरी तरह निःशुल्क लगाया जाएगा, जिससे दृष्टि सुरक्षित और शीघ्र लौट सके।

मरीजों के लिए पूर्ण निःशुल्क सुविधा

शिविर में आने वाले मरीजों के लिए जांच, ऑपरेशन, दवा, नाश्ता, भोजन एवं ठहरने की संपूर्ण व्यवस्था निःशुल्क रहेगी। मरीज के साथ एक परिजन के रहने और भोजन की भी व्यवस्था होगी। उपचार के बाद मरीजों को अन्न व वस्त्र देकर सम्मानपूर्वक विदाई दी जाएगी तथा अंत में प्रत्येक मरीज की आरती उतारकर भावनात्मक सम्मान किया जाएगा।

जांच और ऑपरेशन की व्यवस्था

रजिस्ट्रेशन व जांच कृतपुरा चिराग संस्था के समीप विशाल टेंट में की जाएगी, जबकि ऑपरेशन कृतपुरा मंदिर परिसर में 10 अनुभवी नेत्र विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम द्वारा किया जाएगा। प्रत्येक मरीज को लगभग तीन दिन शिविर में रहना होगा।

आयोजकों के अनुसार इस शिविर से मोतियाबिंद से पीड़ित हजारों लोगों को नई रोशनी और नया जीवन मिलेगा। यह पहल केवल चिकित्सा सेवा नहीं, बल्कि मानवता और करुणा का जीवंत उदाहरण है।

प्रेसवार्ता में राकेश राय उर्फ कल्लू राय, राघवेंद्र राय, सोनू राय तथा संस्थान के चिराग भाई सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

आम जनता से अपील

मोतियाबिंद से पीड़ित जरूरतमंद लोग अधिक से अधिक संख्या में शिविर का लाभ उठाएं और यह जानकारी अपने गांव-समाज तक पहुंचाकर दूसरों को भी जागरूक करें, ताकि कोई भी व्यक्ति आंखों की रोशनी से वंचित न रहे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!