बक्सर: नई बाजार स्थित सीताराम विवाह महोत्सव आश्रम में 56वां सिय–पिय मिलन महोत्सव भव्य रूप से प्रारंभ


बक्सर। शहर के नई बाजार स्थित सीताराम विवाह महोत्सव आश्रम परिसर में मंगलवार की सुबह आध्यात्मिक उल्लास और भक्ति-भावना से ओतप्रोत माहौल के बीच 56वां सिय–पिय मिलन महोत्सव का शुभारंभ हुआ।
यह महोत्सव पूज्य संत श्री खाकी बाबा सरकार की 56वीं निर्वाण तिथि के उपलक्ष्य में आयोजित किया जाता है। कार्यक्रम का आरंभ श्रीरामचरित मानस के सस्वर नवाह्न पारायण और श्री हरिनाम संकीर्तन के साथ हुआ, जिसने पूरे परिसर को भक्तिमय बना दिया।

🔹 श्रीकृष्ण लीला एवं श्रीराम लीला का आकर्षक मंचन
पहले दिन सुबह श्रीकृष्ण लीला और रात में भव्य श्रीराम लीला मंचित की गई। दोपहर बाद वैदिक मंत्रोच्चार के साथ व्यास पीठ पूजन के उपरांत, श्रीधाम वृंदावन से पधारे मलूक पीठाधीश्वर जगदगुरु श्री राजेन्द्र देवाचार्य जी महाराज ने श्रीराम कथा की अमृत वर्षा शुरू की।
वे आगामी नौ दिनों तक प्रतिदिन रामकथा का पाठ करेंगे।
बसांव पीठाधीश्वर श्री अच्युत प्रपन्नाचार्य जी महाराज तथा आश्रम के महंत श्री राजाराम शरण जी महाराज ने व्यास पीठ पूजन की रस्म निभाई। इस दौरान मिथिलानियों द्वारा सीताराम विवाह से संबंधित मधुर पदों का गायन किया गया, जिससे वातावरण ‘मिथिला रस’ से भर उठा।
🔹 गौरी–शंकर विवाह लीला रही विशेष आकर्षण
महोत्सव के प्रणेता साकेतवासी पूज्य संत एवं आश्रम के संस्थापक नेहनिधि श्री नारायण दास जी भक्तमाली (मामाजी) के परिकरों द्वारा श्रीराम लीला का अद्भुत मंचन किया गया।
पहले दिन गौरी–शंकर विवाह लीला ने दर्शकों को भाव-विभोर कर दिया। कथा में दर्शाया गया—
देवर्षि नारद द्वारा देवी पार्वती के भविष्य का वर्णन
हिमवान का चिंतित होना
देवी पार्वती की कठोर तपस्या
भगवान शिव का प्रसन्न होकर विवाह के लिए सहमत होना
भूत–प्रेतों के साथ शिव बारात का आगमन
माता मेनका का डरना और बाद में समझाने पर विवाह के लिए सहमति देना
पूरी लीला को इतनी जीवंतता से प्रस्तुत किया गया कि दर्शक मंत्रमुग्ध हो उठे।

✨ भक्तिरस से सराबोर बक्सर — नौ दिनों तक रहेगा उत्सव का उल्लास
पूरे आश्रम परिसर में इन दिनों आध्यात्मिक उत्सव का रंग चढ़ा है। दूर-दूर से आए श्रद्धालु भगवान श्रीराम, माता सीता, शिव–पार्वती की लीलाओं के साक्षी बन रहे हैं।
आगामी दिनों में विविध धार्मिक कार्यक्रम, कीर्तन, प्रवचन और सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ आयोजित की जाएँगी।



