
बक्सर. जिले के सिमरी प्रखंड अंतर्गत बलिहार गांव स्थित बाबू रामाशंकर सिंह स्मारक निशुल्क शिक्षा केंद्र में रविवार को बाल भोज एवं पाठ्य सामग्री वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के जरूरतमंद बच्चों में शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना और उन्हें शैक्षणिक संसाधनों से जोड़ना था.
कार्यक्रम के दौरान सैकड़ों बच्चों को चाट, गोलगप्पे और आइसक्रीम का आनंद कराया गया. इसके बाद विद्यार्थियों के बीच कॉपी, कलम एवं अन्य आवश्यक शैक्षणिक सामग्री का वितरण किया गया. बच्चों ने उत्साहपूर्वक कार्यक्रम में भाग लिया और पाठ्य सामग्री पाकर खुशी व्यक्त की.
गौरतलब है कि नवज्योति सेवा संस्थान के सहयोग से संचालित यह शिक्षा केंद्र पिछले पांच वर्षों से लगातार जरूरतमंद एवं आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को निशुल्क शिक्षा उपलब्ध करा रहा है. केंद्र में कक्षा 1 से 8वीं तक के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ आवश्यक अध्ययन सामग्री भी प्रदान की जाती है.

शिक्षा केंद्र के संचालक एवं पत्रकार गुलशन सिंह ने कहा कि समाज में सकारात्मक बदलाव केवल सरकार के भरोसे नहीं लाया जा सकता, बल्कि प्रत्येक नागरिक को अपनी सामाजिक जिम्मेदारी निभानी होगी. उन्होंने कहा कि छोटे-छोटे प्रयास भी बड़े परिवर्तन का आधार बन सकते हैं. इसी सोच के साथ “शिक्षार्थ आइए, सेवार्थ जाइए” के संकल्प को लेकर गांव में शिक्षा की अलख जगाने का कार्य किया जा रहा है.
उन्होंने बताया कि बचपन में उन्हें अपने दादा स्वर्गीय बाबू रामाशंकर सिंह से जीवन के अनेक संस्कार और मूल्य सीखने का अवसर मिला. उन्हीं के आदर्शों और प्रेरणा को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से उनकी स्मृति में इस निशुल्क शिक्षा केंद्र की स्थापना की गई. आज यह केंद्र ग्रामीण क्षेत्र के सैकड़ों बच्चों के लिए शिक्षा का महत्वपूर्ण माध्यम बन चुका है.
कार्यक्रम के दौरान बच्चों के चेहरों पर खुशी साफ झलक रही थी. स्थानीय लोगों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि पत्रकारिता के साथ-साथ सामाजिक सरोकारों से जुड़कर गुलशन सिंह समाज के सामने प्रेरणादायक उदाहरण प्रस्तुत कर रहे हैं. ग्रामीणों का मानना है कि शिक्षा के क्षेत्र में इस प्रकार की पहल बच्चों के भविष्य को संवारने के साथ-साथ समाज में शिक्षा के महत्व को भी मजबूत कर रही है.




