
गुरुवार को भाकपा-माले एवं अखिल भारतीय खेत एवं ग्रामीण मजदूर सभा (खेग्रामस) की ओर से बक्सर शहर के ज्योति चौक पर जुलूस निकालकर मई दिवस मनाया गया। जुलूस के माध्यम से मजदूरों के अधिकार, श्रम कानूनों और रोजगार सुरक्षा से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाया गया।
जुलूस का नेतृत्व खेग्रामस के जिला अध्यक्ष कन्हैया पासवान, उपाध्यक्ष ललन राम, भाकपा-माले के इटाढ़ी सचिव जगनारायण शर्मा, बक्सर टाउन सचिव ओम प्रकाश, ब्रह्मपुर सचिव बीर बहादुर पासवान, आइसा नेता अखिलेश एवं भगवान दास ने संयुक्त रूप से किया। जुलूस शहर के विभिन्न मार्गों से गुजरते हुए ज्योति चौक पहुंचा, जहां सभा का आयोजन किया गया।
सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि देशभर में मजदूर दिवस ऐसे समय में मनाया जा रहा है, जब केंद्र सरकार द्वारा नए श्रम कोड लागू किए गए हैं। वक्ताओं का आरोप था कि नए लेबर कोड मजदूरों के अधिकारों को कमजोर करने वाले हैं और इससे श्रमिकों की नौकरी तथा सामाजिक सुरक्षा पर खतरा बढ़ा है। उन्होंने कहा कि आठ घंटे कार्यदिवस की व्यवस्था कमजोर हो रही है तथा ठेका मजदूरी और अस्थायी रोजगार को बढ़ावा दिया जा रहा है।

वक्ताओं ने वर्तमान आर्थिक परिस्थितियों, बढ़ती महंगाई, ईंधन संकट और उद्योगों में उत्पादन घटने जैसे मुद्दों को भी उठाया। उन्होंने कहा कि देश के विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों में मजदूर वेतन वृद्धि और रोजगार सुरक्षा की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। साथ ही मजदूर आंदोलनों पर दमनात्मक कार्रवाई किए जाने का भी आरोप लगाया गया।
सभा में नेताओं ने मजदूर, किसान, छात्र और नौजवानों की एकजुटता पर जोर देते हुए कहा कि श्रमिक अधिकारों की रक्षा के लिए व्यापक आंदोलन की जरूरत है। उन्होंने मजदूर विरोधी नीतियों के खिलाफ संघर्ष जारी रखने का संकल्प भी दोहराया।
जुलूस और सभा में युवा नेता सर्वेश पांडेय, सफाईकर्मी संघ के सचिव शंकर तिवारी, संध्या पाल, आइसा नेता अजीत, माले नेता कुश भगवान, संजय कुमार सिंह, प्रमोद कुमार, अजित कुमार एवं तारा देवी सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और मजदूर शामिल रहे।




